पूर्वोत्तर एशिया / NEAफ़ीचरसाझेदारी

जापान की रक्षा प्रौद्योगिकी रणनीति

राष्ट्र के पास नवोन्मेषी प्रौद्योगिकियों को प्राप्त करने, शामिल करने की योजना

डॉ. शिगेनोरी मिशिमा (Shigenori Mishima)

जापान की अधिग्रहण, प्रौद्योगिकी और रसद एजेंसी (ATLA) के उपाध्यक्ष और मुख्य प्रौद्योगिकी अधिकारी डॉ. शिगेनोरी मिशिमा ने मार्च 2023 में हवाई के होनोलूलू में पैसिफ़िक ऑपरेशनल साइंस एंड टेक्नॉलजी सम्मेलन में यह मुख्य भाषण दिया। मिशिमा ने दिसंबर 2022 में जापान द्वारा घोषित ATLA की भूमिका और सुरक्षा और रक्षा रणनीतियों पर चर्चा की। उनकी टिप्पणियों को फ़ोरम के प्रारूप में फ़िट करने के लिए संपादित किया गया है।

जापान रक्षा मंत्रालय (JMOD) का एक बाहरी संगठन है। इसकी स्थापना 2015 में हुई थी और इसमें लगभग 1,800 कर्मचारी हैं। ATLA के अभियानों को मोटे तौर पर चार श्रेणियों में विभाजित किया गया है। सबसे पहले, तकनीकी श्रेष्ठता सुनिश्चित करना और सैन्य कार्रवाई संबंधी आवश्यकताओं पर सुचारू रूप से और शीघ्रता से प्रतिक्रिया करना। दूसरा, रक्षा उपकरणों को कुशलतापूर्वक हासिल करना। यह अवधारणा अध्ययन, अनुसंधान और विकास [R&D], ख़रीद और परिचालनगत रखरखाव से लेकर निपटान तक, प्रारंभ से लेकर समापन तक परियोजना प्रबंधन कार्य है। तीसरा, रक्षा उपकरण और प्रौद्योगिकी सहयोग को मज़बूत करना। इसमें घरेलू उद्योग, सरकार और शिक्षा जगत तथा अंतरराष्ट्रीय भागीदारों के साथ सहयोग शामिल है। और चौथा, रक्षा उत्पादन व प्रौद्योगिकी तंत्रों को बनाए रखना और मज़बूत करना। 

रक्षा उत्पादन और प्रौद्योगिकी तंत्र रक्षा क्षमताओं के अभिन्न अंग हैं और उनका सुदृढ़ीकरण आवश्यक है।

ATLA में पाँच सिस्टम डेवलपमेंट प्रभाग, और नेवल शिप डिज़ाइन प्रभाग हैं। इसके अलावा, इसमें भूमि, वायु, समुद्री और अगली पीढ़ी की प्रणालियों के लिए चार अनुसंधान केंद्र और तीन परीक्षण केंद्र हैं।

पड़ोसी देशों द्वारा अपनी सैन्य क्षमताओं के सुदृढ़ीकरण के साथ जापान के इर्द-गिर्द सुरक्षा का माहौल सतत गंभीर और अभूतपूर्व गति से बढ़ रहा है। बलपूर्वक यथास्थिति में एकतरफ़ा परिवर्तन स्वतंत्र और खुली अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण चुनौतियों का प्रतिनिधित्व करता है। यूक्रेन के खिलाफ़ रूस की आक्रामकता ने इसे काफ़ी स्पष्ट तरीक़े से उजागर किया है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय अब तक के युद्धोत्तर [द्वितीय विश्व युद्ध] सबसे बड़ी परीक्षा का सामना कर रहा है और संकट के एक नए युग में प्रवेश कर चुका है। इस बीच, विज्ञान और प्रौद्योगिकी में तेजी से प्रगति सुरक्षा के प्रतिमान को मौलिक रूप से बदल रही है।

इन कारकों को ध्यान में रखते हुए, जापान ने 16 दिसंबर, 2022 को तीन सामरिक दस्तावेज़ प्रकाशित किए। इनमें राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति का पहला संशोधन शामिल है, जिसे पहले 2013 में जारी किया गया था। इस शीर्ष-स्तरीय दस्तावेज़ के तहत, राष्ट्रीय रक्षा रणनीति और रक्षा निर्माण कार्यक्रम रक्षा के उद्देश्यों और साधनों को निर्दिष्ट करते हैं। 

जापान ग्लोबल कॉम्बैट एयर प्रोग्राम के हिस्से के रूप में इटली और यूनाइटेड किंगडम के साथ मित्सुबिशी F-X स्टील्थ फ़ाइटर के विकास का नेतृत्व कर रहा है। इस प्रस्तुतिकरण में नज़र आने वाले छठी पीढ़ी के फ़ाइटर जेट को 2030 के मध्य में तैनात किए जाने की उम्मीद है। जापान रक्षा मंत्रालय

रणनीतिक सूक्ष्म बिंदु

हालाँकि इन दस्तावेज़ों के शीर्षक नए हैं, लेकिन इन्हें 2018 में प्रकाशित राष्ट्रीय रक्षा कार्यक्रम दिशानिर्देश और मध्यावधि रक्षा कार्यक्रम को बदलने के लिए तैयार किया गया था। 

राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति 10 साल की समय-सीमा में जापान की सुरक्षा संबंधी रणनीतियों को निर्धारित करती है। इसका संशोधन द्वितीय विश्व युद्ध के बाद से जापान की सुरक्षा नीति में सबसे महत्वपूर्ण बदलाव का प्रतीक है। भावी उपायों में स्वतंत्र और खुले इंडो-पैसिफ़िक दृष्टिकोण के तहत कूटनीति का संचालन करना, मौलिक रूप से जवाबी हमले की क्षमता और आर्थिक सुरक्षा नीतियों को बढ़ावा देने जैसी रक्षा क्षमताओं को मज़बूत करना शामिल है। रक्षा क्षमताओं के मूलभूत सुदृढ़ीकरण और पूरक पहलों को लागू करने के लिए, जापान वित्तीय वर्ष 2027 तक जापान के रक्षा बजट के स्तर को वर्तमान सकल घरेलू उत्पाद के 2% तक पहुँचाने के लिए आवश्यक उपाय करेगा।

राष्ट्रीय रक्षा रणनीति 10 वर्षों में रक्षा उद्देश्यों को निर्धारित करती है और उन्हें प्राप्त करने के तरीक़ों और साधनों को प्रस्तुत करती है। विशेष रूप से, यह अपने सहयोगियों और साझेदारों के साथ मिलकर पूरे देश की रक्षा स्थिति को मज़बूत करने के लिए सात प्रमुख रक्षा उपायों सहित रक्षा क्षमताओं को सुदृढ़ करने के लिए नीतियाँ स्थापित करती है।

रक्षा निर्माण कार्यक्रम जापान के पास जो रक्षा स्तर होना चाहिए उसे इंगित करता है और यह उस स्तर को प्राप्त करने की मध्यम से दीर्घकालिक विकास योजना है, जो पाँच से 10 वर्षों में जापान के आत्मरक्षा बलों की संरचना का वर्णन करता है। कार्यक्रम मिशन के लिए आवश्यक ज़रूरी उपकरणों की मात्रा और अगले पाँच वर्षों की कुल लागत — लगभग 43 लाख करोड़ (43 ट्रिलियन) येन, या 32 हज़ार करोड़ ($320 बिलियन) अमेरिकी डॉलर से अधिक को भी इंगित करता है, जो पिछले पाँच वर्षों के आबंटन से 1.6 गुना ज़्यादा है।

राष्ट्रीय रक्षा रणनीति में, तीन रक्षा उद्देश्य और उन्हें प्राप्त करने के लिए तीन दृष्टिकोण शामिल हैं। उद्देश्य ये हैं:

  • ऐसा सुरक्षा परिवेश तैयार करें जो बलपूर्वक यथास्थिति में एकतरफ़ा बदलाव को स्वीकार न करे।
  • सहयोगियों और समान विचारधारा वाले देशों के साथ सहयोग के माध्यम से बलपूर्वक यथास्थिति को बदलने के एकतरफ़ा परिवर्तनों और प्रयासों को रोकें और प्रतिक्रिया करें तथा प्रारंभिक चरण में ही स्थिति को नियंत्रित करें।
  • यदि जापान पर आक्रमण होता है, तो आक्रमण से निपटने और सहयोगियों से समर्थन प्राप्त करने की प्राथमिक ज़िम्मेदारी लेते हुए हमले को बाधित करें और पराजित करें।

जापान के रक्षा उद्देश्यों को प्राप्त करने के तीन दृष्टिकोण हैं:

  • राष्ट्रीय रक्षा के लिए जापान की बनावट को मज़बूत करना।
  • जापान-संयुक्त राज्य अमेरिका गठबंधन की संयुक्त अवरोध और प्रतिक्रिया क्षमता को सुदृढ़ करना।
  • समान विचारधारा वाले ऐसे देशों और अन्य लोगों के साथ सहयोग को मज़बूत करना जिनके साथ जापान स्वतंत्र और खुली अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था को बनाए रखने और सुदृढ़ करने के लिए सहयोग करता है। 

राष्ट्रीय रक्षा रणनीति युद्ध के नए तरीक़ों का जवाब देने के लिए आवश्यक कार्यों और क्षमताओं के रूप में सात क्षेत्रों की पहचान करती है। सबसे पहले, गतिरोध रक्षा क्षमताओं और एकीकृत वायु और मिसाइल सुरक्षा के साथ आक्रमण को रोकने के लिए लंबी दूरी पर हमलावर बलों को बाधित करना। यदि प्रतिरोध विफल हो जाता है, तो असममित लाभ सुनिश्चित करना और मानव रहित रक्षा क्षमताओं, क्रॉस-डोमेन संचालन क्षमताओं और कमान व नियंत्रण तथा आसूचना-संबंधित कार्यों वाले डोमेन में श्रेष्ठता हासिल करना। गतिशील परिनियोजन क्षमताओं और असैन्य सुरक्षा, तथा संवहनीयता व प्रतिरोधक्षमता के लिए आह्वान पर आक्रमण करने की प्रतिद्वंद्वी की इच्छा को कुचलने के लिए तेजी से और सतत तरीक़े से काम जारी रखना।

वित्तीय वर्ष 2023 में जापान का रक्षा बजट 6 लाख 80 हज़ार करोड़ (6.8 ट्रिलियन) येन या लगभग 5 हज़ार करोड़ ($50 बिलियन) अमेरिकी डॉलर तक पहुँचने की उम्मीद है, जो वित्तीय वर्ष 2022 की तुलना में 26.3% की वृद्धि है।

जापान रेलगन तकनीक विकसित कर रहा है और 2016 में एक प्रोटोटाइप का परीक्षण किया गया जिसने 7,193 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ़्तार से एक प्रोजेक्टाइल लॉन्च किया। जापान रक्षा मंत्रालय

रक्षा प्राथमिकताएँ

रक्षा उद्योग को आपूर्ति शृंखला का जोखिम, कम लाभ मार्जिन और साइबर सुरक्षा लीक जैसी बढ़ती चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। रक्षा उत्पादन और प्रौद्योगिकी तंत्र वस्तुतः रक्षा क्षमताएँ ही हैं। इन्हें बनाए रखने और मज़बूत करने के लिए गहन पहल ज़रूरी है। 

ATLA अपने आदर्श भावी दृष्टिकोण को प्राप्त करने के लिए तीन दिशाएँ निर्धारित करता है। पहला है उद्योग की प्रतिस्पर्धात्मकता और प्रौद्योगिकियों को बनाए रखने और मज़बूत करने, रक्षा उद्योग को जीवंत बनाने और नए रक्षा व्यवसायों को बढ़ावा देने, लाभदायक व्यवसायों को आकर्षित करने तथा रक्षा कंपनियों के पीछे हटने से निपटते हुए मज़बूत और वहनीय रक्षा उद्योग का निर्माण करना। दूसरी दिशा लचीली आपूर्ति शृंखला, औद्योगिक और साइबर सुरक्षा तथा संवेदनशील प्रौद्योगिकियों के प्रबंधन को सुनिश्चित करके विभिन्न जोखिमों से निपटना है। तीसरी दिशा रक्षा उद्योग क्षेत्र में अन्य देशों के साथ सहयोग का विस्तार करना है। इसमें उन उपकरणों के हस्तांतरण को बढ़ावा देना शामिल है जो बिक्री चैनलों के विस्तार और विदेशी सैन्य बिक्री को सुव्यवस्थित करने में योगदान करते हैं।

रक्षा प्रौद्योगिकी तंत्रों को मज़बूत करना महत्वपूर्ण है। क्षमताओं को विकसित करने और उनकी यथाशीघ्र तैनाती सुनिश्चित करने के लिए अनुसंधान एवं विकास में निवेश आवश्यक है। पहले सात प्रमुख रक्षा क्षमता क्षेत्रों की पहचान की गई थी। उन्हें हासिल करने के लिए, ATLA अनुसंधान एवं विकास में तेज़ी लाएगा, तथा मौजूदा प्रौद्योगिकियों को बनाए रखेगा और उनमें सुधार करेगा। ATLA का लक्ष्य उन्नत वाणिज्यिक प्रौद्योगिकियों का सर्वोत्तम उपयोग करके, प्रासंगिक घरेलू मंत्रालयों और एजेंसियों के साथ सहयोग और ATLA के भीतर नया शोध संस्थान बनाकर मध्यम और दीर्घकालिक तकनीकी श्रेष्ठता सुनिश्चित करना भी होगा।

ATLA अब ध्यान केंद्रित करने वाले प्रौद्योगिकी क्षेत्रों की पहचान कर रहा है। पूरी प्रक्रिया के दौरान, वह सहयोगियों और भागीदारों के साथ सहयोग करने का प्रयास करेगा।

जापान युद्ध के लिए आवश्यक उपकरणों और प्रौद्योगिकी में भारी निवेश करने की योजना बना रहा है। अगले पाँच वर्षों में अनुसंधान एवं विकास व्यय लगभग 2600 करोड़ ($26 बिलियन) अमेरिकी डॉलर या पिछले पाँच वर्षों के दौरान खर्च की गई राशि का लगभग 4½ गुना होने का अनुमान है। जापान गतिरोध रक्षा, हाइपरसोनिक ग्लाइड वाहनों पर प्रतिक्रिया, ड्रोन और झुंड में हमलों पर जवाबी प्रतिक्रिया, मानव रहित परिसंपत्ति, अगली पीढ़ी के लड़ाकू विमान और अन्य क्षमताओं जैसे क्षेत्रों में प्रौद्योगिकी पर अधिक खर्च करेगा।

गतिरोध रक्षा के संबंध में, JMOD का लक्ष्य ख़तरे वाले क्षेत्रों के बाहर के स्थानों से, उसके दूरदराज के द्वीपों सहित जापान पर आक्रमण करने वाले युद्धपोतों और लैंडिंग फ़ोर्सेज़ को संलग्न करने की क्षमता प्राप्त करना है। हाइपरसोनिक ग्लाइड वाहनों को पारंपरिक परिसंपत्तियों के साथ पहचानना या रोकना कठिन है, इसलिए JMOD का इरादा ऐसी तकनीक हासिल करने का है जो हमें उन पर जवाबी हमला करने में सक्षम बनाए। JMOD को उम्मीद है कि वह जल्द ही हवाई ड्रोन और झुंड में हमलों का मुक़ाबला करने के तरीक़े ढूँढ़ लेगा, साथ ही मानव रहित जलमग्न वाहन जैसी तकनीक भी हासिल कर लेगा।

JMOD ग्लोबल कॉम्बैट एयर प्रोग्राम में गहनता से निवेश करेगा, जो अगली पीढ़ी के लड़ाकू विमानों को विकसित करने और तैनात करने के लिए दिसंबर 2022 की शुरुआत में इटली, जापान और यूनाइटेड किंगडम द्वारा घोषित एक पहल है। प्रतिरोध और प्रतिक्रिया क्षमताओं को सुदृढ़ करने के लिए, JMOD भविष्य के विद्युत चुम्बकीय रेलगन और अन्य प्रौद्योगिकियों पर एक प्रोग्राम को आगे बढ़ाएगा।

दिसंबर 2022 में एक संवाददाता सम्मेलन में राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति पर चर्चा करते जापान के प्रधान मंत्री फ़ुमियो किशिदा (Fumio Kishida)। रॉयटर्स

तेज़ अधिग्रहण

ATLA इन प्रणालियों को शीघ्रता से विकसित और तैनात करने के लिए तीन तरीक़ों का उपयोग करेगा। पहला, अनुसंधान एवं विकास के पूरा होने पर प्रोटोटाइप इकाइयों की तैनाती के ज़रिए क्षमताओं का तेज़ी से अधिग्रहण। हाइपर वेलॉसिटी ग्लाइडिंग प्रोजेक्टाइल प्रॉजेक्ट इसका एक उदाहरण है। दूसरा, परिचालन पैमाने का एक प्रोटोटाइप, परीक्षण के आधार पर निर्मित और तैनात किया जाएगा। हाई-एनर्जी लेज़र प्रॉजेक्ट एक उदाहरण है। तीसरा, अनुसंधान एवं विकास परियोजना ख़त्म होने से पहले, ATLA जोखिमों का मूल्यांकन और प्रबंधन करेगा। उत्पादन, अनुसंधान एवं विकास के समानांतर शुरू होगा। टाइप 12 सतह से जहाज़ तक वार करने वाली मिसाइल परियोजना इसका एक उदाहरण है।

पारंपरिक रक्षा-विशिष्ट प्रौद्योगिकियों के रखरखाव और सुधार का प्रयास भी आवश्यक हैं। सीमित मानव संसाधनों के साथ, ATLA का लक्ष्य मौजूदा प्रौद्योगिकियों पर अनुसंधान करके रक्षा उपकरणों के लिए अद्वितीय और आवश्यक क्षेत्र में प्रौद्योगिकी आधार को बनाए रखना तथा सुधार करना है जो उन्नत क्षमताओं को कुशलतापूर्वक और प्रभावी ढंग से साकार करने के लिए आवश्यक नींव बनते हैं।

अत्याधुनिक नागरिक प्रौद्योगिकियों के समावेश को मज़बूत करने के लिए, प्रासंगिक पहलों के लिए बजट को वित्तीय वर्ष 2023 में महत्वपूर्ण रूप से विस्तृत किया जाएगा। इसका मतलब है कि रक्षा उद्देश्यों के लिए अत्याधुनिक वाणिज्यिक प्रौद्योगिकियों की खोज और विकास के लिए अधिक निवेश। हाइपरसोनिक हथियार और उच्च परिशुद्धता गाइरोस्कोप तथा लेज़र प्रौद्योगिकियाँ इन फ़ंडिंग क्षेत्रों के उदाहरण हैं।

सरकारव्यापी प्रयास

बुनियादी अनुसंधान के लिए ATLA फ़ंडिंग, अन्य सरकारी एजेंसियों के निवेश और अत्याधुनिक वाणिज्यिक प्रौद्योगिकियों को रक्षा उद्देश्यों के लिए आवश्यकतानुसार अपनाया और संशोधित किया जाएगा। इस निवेश का विस्तार किया जाएगा और अगले रक्षा निर्माण कार्यक्रम में अधिक ध्यान केंद्रित किया जाएगा।

नए सुरक्षा और रक्षा रणनीति दस्तावेज़ रक्षा संबंधी ज़रूरतों को पूरा करने के लिए संपूर्ण जापानी विज्ञान और प्रौद्योगिकी की ताक़त तथा अनुसंधान एवं विकास प्रयासों के उपयोग के महत्व पर ज़ोर देते हैं। यह एक सरकारी प्रयास है. R&D के लिए JMOD का आबंटन जापानी सरकार के विज्ञान और प्रौद्योगिकी बजट का 3% से 4% मात्र है।

ATLA, स्टार्टअप और शिक्षा जगत सहित बाहरी संस्थाओं से अत्याधुनिक तकनीक शामिल करने का हर संभव प्रयास करता है। एजेंसी की योजना वित्तीय वर्ष 2024 के बाद एक नया शोध संस्थान स्थापित करने की है। यह संगठन नवीन रक्षा उपकरणों और तकनीकी अनुसंधान को साकार करने के लिए अनुसंधान एवं विकास पर ध्यान केंद्रित करेगा। ATLA उन प्रौद्योगिकियों की पहचान करेगा जिन्हें भावी युद्ध से सीधे जोड़ा जा सकता है। उदाहरण के लिए, DARPA [यू.एस. डिफ़ेंस रिसर्च प्रॉजेक्ट्स एजेंसी] और DIU [यू.एस. डिफ़ेंस इन्नोवेशन यूनिट] में परिलक्षित अच्छी प्रथाओं का उल्लेख करते हुए, ATLA उस संस्थान को डिज़ाइन करेगा जो जापान के लिए सर्वाधिक उपयुक्त है।

JMOD ने तीन रणनीतिक दस्तावेज़ प्रकाशित किए हैं: रक्षा प्रौद्योगिकी रणनीति, मध्यम से दीर्घकालिक प्रौद्योगिकी आउटलुक और अनुसंधान एवं विकास विज़न। JMOD इन दस्तावेज़ों की समीक्षा कर रहा है और एक नया दस्तावेज़ प्रकाशित करने की योजना बना रहा है जो प्रमुख प्रौद्योगिकी क्षेत्रों की पहचान करता है। विशिष्ट प्रौद्योगिकी क्षेत्रों और अनुसंधान एवं विकास में JMOD की दिलचस्पियों को प्रकाशित करने से उद्योगों के लिए पूर्वानुमान बढ़ाने और अंतरराष्ट्रीय और घरेलू भागीदारों के साथ सहयोग को बढ़ावा देने में मदद मिलेगी। ऐसा करने से ATLA उन क्षेत्रों की पहचान करने में सक्षम हो जाएगा जिनमें अंतरराष्ट्रीय भागीदारों के साथ काम किया जा सकता है और जो दोनों पक्षों के लिए फ़ायदे का सौदा हो सकता है।  

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